पहले से योजना बनाकर जो ट्रेड लिया जाता है उसे ही ट्रेडिंग कहते है

Large Radish

स्टॉक मार्केट बंद होने के बाद टेक्निकल एनालिसिस या  एन्ड ऑफ़ डे (EOD )  स्टडी करके ,कल क्या ट्रेड लेना है , यह पहले से ही तय होना चाहिए , इसके अनेक फायदे है| १) जैसे स्टॉपलॉस आपको पता होता है  -डर (Fear ) से आप बचते हो | २) प्रॉफिट कितना आ सकता है वो पता होता है-  लालच (Greed) से आप बचते हो |

३)ओवरट्रेडिंग से भी आप दूर रहते हो | ४) यह हर बार करने पर आपकी                  Trading   psychology (मनोविज्ञान) में सुधार होता है | ट्रेडिंग करने में  Trading Psychology  की अहम् भूमिका होती है

ऐसी और जानकारी के लिए 

Position Sizing Nahi kiya to kya Hogao

– जैसा आपको पता है, आपका हर ट्रेड  सही होगा इसकी कोई गारंटी नहीं होती है,  अगर आप 10 ट्रेड लेते हो और उसमे से 5 ट्रेड सही और 5 ट्रेड में आपका स्टॉप लॉस हिट होता है तो ऐसा समय आपको Position Sizing बचा सकता है देखते है कैसे |

उदाहरण के लिए अपने 10 ट्रेड लिए एक साथ नहीं एक के बाद एक . Your Trading Account with 100,000 /- Capital – आपका ट्रेडिंग खाता है उसमे 100,000 /-  है | – अगर कभी ऐसा होता है की आपके पहले 5 ट्रेड में स्टॉपलॉस हिट हो जाए और आपने Position Sizing नहीं किया है , और हर ट्रेड में आपके 5000 का लॉस होता है |

Position Sizing Nahi kiya to kya Hogao

Best Risk and Reward for Trading

– आप कोई भी बिज़नेस करते हो तो आपको कितना पैसा लगाकर कितना मुनाफा मिलने वाला है , इसका अंदाजा होना बहुत जरुरी है , वैसे ही ट्रेडिंग करते समय आपको कितने रिस्क लेने पर कितना मुनाफा मिलने वाला है, इसका अंदाजा होना चाहिए इसको ही Risk to reward Ratio कहते है

Best Risk and Reward for Trading

आपको कितना रिवॉर्ड चाहिए उस हिसाब से आपको आपकी Trading Strategy Design  करनी पड़ती है , और उसको back test करके ही उसका उपयोग करना चाहिए |

1:2  – अगर आप 100 रुपये का रिस्क लेते है तो उसके बदले में आपको 200 रुपये मिल सकते हैं |

 1:3  – अगर आप 100 रुपये का रिस्क लेते है तो उसके बदले में आपको 300 रुपये मिल सकते हैं |

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